बंगाल में ही रुकेंगी CAPF की 500 कंपनियां; अभी हटने का आदेश नहीं, DG CRPF ने खुद ग्राउंड पर उतरकर मोर्चा संभाला, पढ़ें
CAPF 500 Companies Deployment in West Bengal Till Further Orders
CAPF in West Bengal: पश्चिम बंगाल में आज बुधवार (29 अप्रैल) को विधानसभा चुनाव के दूसरे और आखिरी चरण के लिए 142 सीटों पर वोटिंग संपन्न हो गई है और इसी के साथ बंगाल में दोनों चरणों का चुनाव भी पूरा हुआ। अब 4 मई को चुनाव परिणाम आयेगा। जिसमें हार-जीत का फैसला होगा। लेकिन इससे पहले बंगाल के संवेदनशील हालातों को देखते हुए कानून और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर CAPF (Central Armed Police Forces) की तैनाती को अभी नहीं हटाया जा रहा है। चुनाव मतदान की प्रक्रिया भले ही पूरी हो चुकी है लेकिन CAPF की 500 कंपनियां आने वाले दिनों में बंगाल में ही रुकेंगी।
CRPF के महानिदेशक ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर इसकी जानकारी दी है। DG CRPF जीपी सिंह ने कहा, जैसा कि पहले बताया गया था, मतदान के बाद CAPF की 500 कंपनियां अगले आदेश तक पश्चिम बंगाल में ही रहेंगी। उन्होंने 19 मार्च, 2026 के आदेश का संबंधित अंश भी इसके साथ संलग्न किया है। DG CRPF ने अपनी पोस्ट में बताया कि CAPF की 500 कंपनियों में CRPF की 200, BSF की 150, CISF की 50, ITBP की 50, और SSB की 50 कंपनियां पश्चिम बंगाल में सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था की ड्यूटी के लिए राज्य में अगले आदेश तक तैनात रहेंगी।

DG CRPF ने खुद ग्राउंड पर उतरकर मोर्चा संभाला
DG CRPF जीपी सिंह ने आज बंगाल में वोटिंग के दौरान खुद ग्राउंड पर उतरकर मोर्चा संभाला। यह बड़ी बात है कि DG स्तर का अधिकारी वोटिंग के बीच ग्राउंड पर घूम रहा हो। CRPF ने बताया कि DG ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह ने बंगाल में मतदान के दूसरे चरण के दौरान ज़मीनी हालात की खुद निगरानी की और इस दौरान कई बूथों का दौरा करने और तैनात जवानों से बातचीत की और उच्च सतर्कता बनाए रखने तथा पुख्ता सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर ज़ोर दिया। सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने के बाद, उन्होंने विशेष नियंत्रण कक्ष में एक विस्तृत ब्रीफिंग की।
ममता बनर्जी ने कहा- CRPF मारपीट कर रही
TMC नेताओं ने CRPF की तैनाती और सेंट्रल ऑब्ज़र्वरों को लेकर लगातार विरोध जताया है। कई TMC नेताओं ने अपने खिलाफ वाले लोगों को ये बयान भी जारी किए की CAPF कल से जा रही है फिर क्या करोगे। वहीं दूसरी ओर TMC नेताओं और ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार के इशारे पर CRPF TMC के लोगों को परेशान कर रही है और उनके साथ गलत व्यवहार कर मारपीट कर रही है।
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा, "CRPF इस तरह लोगों को परेशान नहीं कर सकती। यह राज्य पुलिस नहीं है, इसे सीमा की रक्षा करनी चाहिए लेकिन इसकी जगह CRPF एक राजनीतिक दल की रक्षा कर रही है। ममता ने कहा कि मैं 1984 से चुनाव लड़ रही हूं और इस बार इतना अत्याचार हो रहा है। केंद्र के इशारे पर CRPF के लोगों ने यहां कब्जा कर लिया है। CRPF जवान हमारे कार्यकर्ताओं, महिलाओं, बच्चों को मार रहे हैं। सभी जगहों पर इन्होंने हमारे एजेंटों को बाहर कर दिया। क्या यह स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव है?"